हनुमानगढ़। जिले में आबकारी विभाग ने आगामी वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए मदिरा दुकानों के नवीनीकरण की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी है। इसके तहत विभाग की ओर से मदिरा दुकानों के नवीनीकरण के लिए प्रस्ताव आमंत्रित किए गए हैं। इस बार गत वित्तीय वर्ष की वार्षिक गारंटी राशि में 12.5 प्रतिशत की वृद्धि कर नई गारंटी राशि निर्धारित की जाएगी। सहायक आबकारी अधिकारी मधु उज्जवल ने बताया कि जो भी ठेकेदार अपनी मदिरा दुकानों का नवीनीकरण करवाना चाहते हैं, उन्हें 10 फरवरी 2025 तक जनवरी एवं उससे पूर्व की समस्त बकाया राशि 50 प्रतिशत जुर्माने के साथ जमा करवानी होगी।

बकाया राशि पूरी तरह से जमा करवाने के बाद ही नवीनीकरण के लिए आवेदन करने की पात्रता प्राप्त होगी। उन्होंने बताया कि 10 फरवरी तक बकाया राशि जमा करवाने वाले आवेदक 11 फरवरी की रात 12 बजे तक ऑनलाइन नवीनीकरण आवेदन कर सकते हैं। इसके पश्चात आवेदन प्रक्रिया बंद कर दी जाएगी। नवीनीकरण के लिए आवेदन करने के बाद 28 फरवरी तक धरोहर राशि एवं एडवांस ईपीए राशि जमा कराना अनिवार्य होगा।

इसके अलावा दुकान के संचालन से पूर्व, अर्थात 31 मार्च तक वार्षिक लाइसेंस शुल्क का 50 प्रतिशत हिस्सा जमा करवाना होगा। सभी निर्धारित शर्तांे एवं प्रक्रियाओं को पूरा करने के बाद ही मदिरा दुकानों का संचालन नियमानुसार किया जा सकेगा। आवेदन शुल्क के संबंध में जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि दो करोड़ रुपए तक की मदिरा दुकानों के लिए 60 हजार रुपए आवेदन शुल्क, जबकि दो करोड़ रुपए से अधिक की मदिरा दुकानों के लिए 1 लाख 20 हजार रुपए आवेदन शुल्क निर्धारित किया गया है। इसके अतिरिक्त, ठेकेदारों को एक मदिरा गोदाम के लिए 3 लाख रुपए वार्षिक शुल्क जमा करवाना होगा, जबकि एक अतिरिक्त गोदाम लेने पर 6 लाख रुपए वार्षिक शुल्क निर्धारित किया गया है। सहायक आबकारी अधिकारी ने बताया कि जिले में वर्तमान में नवीनीकरण की प्रक्रिया जारी है। उन्होंने सभी ठेकेदारों से अपील की है कि वे समय पर अपनी बकाया गारंटी राशि जमा कराते हुए नवीनीकरण प्रक्रिया में अधिक से अधिक भाग लें, ताकि आगामी वित्तीय वर्ष में मदिरा दुकानों का संचालन सुचारू रूप से किया जा सके।
