हनुमानगढ़। टाउन क्षेत्र के कोहला गांव के बाहर झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले जोगी समाज के जरूरतमंद परिवारों के लिए यूथ वीरांगनाओं की ओर से किया गया सेवा कार्य चर्चा का विषय बना हुआ है। कड़ाके की ठंड के बीच यूथ वीरांगनाओं ने मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए जरूरतमंद बच्चों एवं परिवारों को जूते, जुराब, टोपी और कंबल वितरित किए। इस सेवा कार्य से झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले परिवारों को बड़ी राहत मिली। ठंड से जूझ रहे बच्चों और बुजुर्गांे के चेहरों पर राहत, खुशी और सुकून साफ नजर आया। राहत सामग्री पाकर परिवारों ने संस्था की इस पहल की सराहना की। यूथ वीरांगना सरोज ने बताया कि सर्दी के मौसम में झोपड़ियों में रहने वाले जोगी समाज के बच्चों को सबसे अधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। खुले वातावरण और सीमित संसाधनों के कारण ठंड का प्रभाव बच्चों और बुजुर्गां पर ज्यादा पड़ता है। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए ठंड से बचाव के लिए आवश्यक सामग्री का वितरण किया, ताकि बच्चे और परिवार सुरक्षित रह सकें। उन्होंने बताया कि यूथ वीरांगनाएं इससे पहले भी झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले लगभग 40 से 50 परिवारों को कंबल, रजाई, जर्सी और टोपी आदि का वितरण कर चुकी हैं। वे लगातार जरूरतमंद और असहाय वर्ग के लिए सेवा कार्य करती आ रही हैं। यूथ वीरांगना रजनी ने कहा कि यूथ वीरांगनाओं का मुख्य उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक सहायता पहुंचाना है। गरीब, असहाय और जरूरतमंद परिवारों की सेवा करना ही सच्ची मानवता है। जरूरत के समय किसी के काम आना सबसे बड़ा पुण्य है। इस सेवा अभियान के दौरान मीनाक्षी, एशना, भावना, कंचन, सीमा, रीमा सहित कई यूथ वीरांगनाएं मौजूद रहीं।
