हनुमानगढ़। एसके आवास फाइनेंस कंपनी पर गरीब एवं अनपढ़ लोगों को ऊंची ब्याज दरों पर लोन देने तथा कागजात वापस नहीं करने के आरोप लगाए गए हैं। मामले को लेकर माकपा नेताओं ने गुरुवार को कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए शुक्रवार सुबह 9 बजे कार्यालय के बाहर प्रदर्शन और तालाबंदी करने की चेतावनी दी है। माकपा नेताओं ने आरोप लगाया कि कंपनी गरीब लोगों को जांच में लेकर भारी ब्याज दर पर लोन देती है। आरोप है कि कंपनी द्वारा 20 प्रतिशत से अधिक ब्याज वसूला जाता है और लोन के बदले मकान के कागजात व रजिस्ट्री बैंक में रहन रखवा ली जाती है। नेताओं के अनुसार हाल ही में फतेहगढ़ निवासी मजदूर बिंदर सिंह ने कंपनी से लिया गया लोन पूरी तरह चुका दिया था। इसके लिए उसने दूसरे स्थान से पैसे उधार लेकर भुगतान किया। बावजूद इसके कंपनी द्वारा उसके मकान के कागजात और रजिस्ट्री वापस नहीं की जा रही है। पीड़ित का आरोप है कि कंपनी कर्मचारियों ने यह कहकर कागजात लौटाने से इनकार कर दिया कि उसने किसी अन्य लोन की गारंटी दे रखी है। बिंदर सिंह का कहना है कि वह अनपढ़ है और उससे बिना जानकारी दिए कई दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करवाए गए थे। माकपा नेताओं ने कहा कि जब पीड़ित कंपनी कार्यालय पहुंचा तो उसे कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया और ना ही दस्तावेज लौटाए गए। इसे लेकर अब संगठन द्वारा आंदोलन शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जब तक गरीब लोगों को न्याय नहीं मिलेगा, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। मौके पर माकपा नेता कामरेड शेर सिंह शाक्य, कामरेड रिछपाल पाल सिंह, कामरेड हरदेव सिंह, कामरेड सुरेश जोडकिया, कामरेड संदीप सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
