हनुमानगढ़। आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) और भीम आर्मी भारत एकता मिशन के पदाधिकारियों तथा ग्रामीणों का पुलिस अधीक्षक कार्यालय के समक्ष बेमियादी धरना शुक्रवार को दसवें दिन भी जारी रहा। शुक्रवार को जिला पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर क्षेत्र के गरीब और अशिक्षित लोगों से कथित धोखाधड़ी करने के आरोप में तीन व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई। ज्ञापन में एक अधिवक्ता, उसके भाई और भतीजे पर आरोप लगाते हुए कहा गया कि वे ग्रामीण क्षेत्रों के गरीब एवं अनपढ़ लोगों को छोटी रकम उधार देते हैं और सुरक्षा के नाम पर उनसे खाली चेक, स्टाम्प पेपर तथा परनोट लिखवाकर अपने पास रख लेते हैं। आरोप है कि बाद में दिए गए कर्ज पर 10 रुपये सैकड़ा की दर से ब्याज वसूला जाता है। ग्रामीणों का आरोप है कि मूल राशि और ब्याज चुकाने के बाद भी कथित तौर पर खाली चेकों में 10 से 15 लाख रुपए तक की राशि भरकर उन्हें बैंक में प्रस्तुत किया जाता है, जिससे कोर्ट कार्रवाई के जरिए लोगों पर दबाव बनाया जा सके। ज्ञापन में दावा किया गया कि अब तक करीब 3 करोड़ रुपए के चेक बैंक में लगाए जा चुके हैं। इसके अलावा कुछ किसानों के ट्रैक्टर हड़पने और श्रम विभाग के कार्ड गलत तरीके से बनवाने के आरोप भी लगाए गए हैं। आजाद समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष रेवन्तराम पंवार और भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष मदन मेघवाल सहित मोहनलाल, कालूराम और बृजमोहन ने बताया कि आरोपियों की आय से अधिक संपत्ति की जांच और गिरफ्तारी की मांग को लेकर 13 मई से धरना प्रदर्शन जारी है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि 25 मई तक मामले में निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हुई तो पदाधिकारी और ग्रामीण एसपी कार्यालय के सामने अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करेंगे। वहीं जिला पुलिस अधीक्षक नरेन्द्र सिंह मीना ने मामले में टाउन थाना पुलिस को गहन जांच के निर्देश दिए हैं। एसपी ने कहा कि जांच में आरोप सही पाए जाने पर संबंधित पक्ष के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
