- नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत कार्यक्रम में गूंजा नशा मुक्ति का संदेश, करीब 80 युवाओं ने लिया हिस्सा, नशा शरीर और जीवन को अंदर ही अंदर कर देता है खोखला, युवाओं को जागरूक होना जरूरी : विक्रम सिंह शेखावत
हनुमानगढ़। मेरा युवा भारत, हनुमानगढ़ के तत्वावधान में शनिवार को हनुमानगढ़ ब्लॉक में ‘नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत’ कार्यक्रम के अंतर्गत पड़ोस युवा संसद का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने के साथ ही नशा मुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का संदेश दिया गया। इस दौरान करीब 80 युवाओं ने हिस्सा लेकर जीवनभर नशे से दूर रहने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ स्वामी विवेकानंद के चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुआ। इसके बाद उपस्थित युवाओं को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम में अतिथियों का स्वागत जिला युवा अधिकारी प्रीति ने किया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक विक्रम सिंह शेखावत उपस्थित रहे। वहीं डाइट हनुमानगढ़ जंक्शन की उप प्राचार्य कंचन, भारत स्काउट्स एवं गाइड्स के जिला संगठन आयुक्त भारत भूषण तथा खंड चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय से प्रवीण ने भी सहभागिता की।
नशे के नुकसान का अहसास होने तक हो सकती है बहुत देर : शेखावत
मुख्य अतिथि विक्रम सिंह शेखावत ने युवाओं को संबोधित करते हुए नशे के दुष्प्रभावों को अनोखे उदाहरण से समझाया। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार ऑपरेशन के दौरान एनेस्थीसिया के प्रभाव से मरीज को दर्द महसूस नहीं होता, उसी प्रकार नशा भी इंसान के शरीर और जीवन को अंदर ही अंदर नुकसान पहुंचाता रहता है, लेकिन व्यक्ति को इसका अहसास नहीं हो पाता। जब तक नुकसान का पता चलता है, तब तक कई बार बहुत देर हो चुकी होती है। उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहकर खेलकूद, शिक्षा, कौशल विकास और रचनात्मक गतिविधियों में अपनी ऊर्जा लगाने का आह्वान किया।
नशा मुक्ति सामूहिक सामाजिक जिम्मेदारी : भारत भूषण
विशिष्ट अतिथि भारत भूषण ने कहा कि नशा मुक्ति केवल एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है। परिवार, युवा और समाज के सभी वर्ग एकजुट होकर प्रयास करेंगे, तभी नशे जैसी सामाजिक बुराई पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकेगा। जिला युवा अधिकारी प्रीति ने कहा कि युवा देश की सबसे बड़ी शक्ति हैं। उनकी सक्रिय भागीदारी से नशा मुक्त भारत और विकसित भारत के संकल्प को साकार किया जा सकता है। उन्होंने युवाओं को सकारात्मक गतिविधियों से जुड़कर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
युवा संसद में खुलकर बोले युवा, नशा मुक्ति के उपायों पर किया मंथन
पड़ोस युवा संसद के संवाद सत्र में युवाओं ने समाज में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति और उससे होने वाले नुकसान पर खुलकर विचार रखे। युवाओं ने नशे की आदत छोड़ने और समाज में जागरूकता फैलाने के उपायों पर भी चर्चा की। इस दौरान आयोजित नारा लेखन गतिविधि में युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और नशा मुक्ति से संबंधित संदेश नारा पेटी में डालकर अपनी रचनात्मक प्रतिभा का परिचय दिया। कार्यक्रम का मंच संचालन मेरा युवा भारत, हनुमानगढ़ के लेखा एवं कार्यक्रम सहायक गौरव चुघ ने किया। आयोजन में कार्यालय सहायक विजय कुमार, योगेन्द्र सिंह, राष्ट्रीय युवा स्वयंसेवक विकास भादु, सीमा कौर सहित युवा मंडल के सदस्य मौजूद रहे। कार्यक्रम के समापन पर अतिथियों और युवाओं ने एक स्वर में जीवनभर नशा नहीं करने तथा दूसरों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करने की शपथ ली।
