हनुमानगढ़। विरासत विद्यापीठ परिसर में विरासत फाउंडेशन की शुरुआत करते हुए कक्षा 10 पास विद्यार्थियों के लिए सोमवार को एंट्रेंस-कम-स्कॉलरशिप एग्जामिनेशन आयोजित किया गया। यह परीक्षा उन विद्यार्थियों के लिए रखी गई थी जो कक्षा 11 से साइंस स्ट्रीम में नीट, जेईई और फाउंडेशन लेवल की तैयारी करना चाहते हैं। कार्यक्रम सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक चला, जिसमें प्रत्येक विद्यार्थी की दो घंटे की परीक्षा ली गई। परीक्षा में 1 से 100 रैंक हासिल करने वाले विद्यार्थियों को संस्थान की अनुभवी फैकल्टी द्वारा मेंटर किया जाएगा। संस्थान की ओर से 21 मार्च से नया बैच शुरू किया जाएगा, जिसमें छात्रों को नीट और जेईई की तैयारी करवाई जाएगी। परीक्षा को लेकर विद्यार्थियों में अच्छा उत्साह देखने को मिला। परीक्षा के बाद चयनित 50 विद्यार्थियों को प्रवेश दिया जाएगा। संस्थान के लोकेश बिश्नोई ने बताया कि विद्यार्थियों के बेहतर भविष्य के लिए एक सुव्यवस्थित और प्रभावी स्ट्रक्चर तैयार किया गया है, ताकि विद्यार्थी अपनी क्षमता के अनुसार आगे बढ़ सकें और भीड़ का हिस्सा बनने के बजाय कक्षा 12 के बाद देश के प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रवेश के लिए तैयार हो सकें। उन्होंने बताया कि विरासत की टीम ने उच्च स्तर के मॉड्यूल और कंटेंट तैयार किए हैं, जिन्हें पढ़ाने के लिए अनुभवी शिक्षकों की नियुक्ति की गई है, जो पहले भी प्रतिष्ठित संस्थानों में पढ़ा चुके हैं। उन्होंने बताया कि विरासत विद्यापीठ का कक्षा 10 का पहला बैच वर्ष 2017 में पास हुआ था। तब से अब तक लगभग 470 विद्यार्थी कक्षा 10 उत्तीर्ण कर चुके हैं। संस्थान का औसत परीक्षा परिणाम 85 प्रतिशत से अधिक रहा है, जो अजमेर रीजन में सर्वाधिक है, जबकि हर दूसरा विद्यार्थी 90 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करता है। इसी सफलता से प्रेरित होकर संस्थान ने नीट और जेईई की तैयारी के लिए मजबूत फैकल्टी के साथ यह पहल शुरू की है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2020 से कक्षा 12 की पढ़ाई भी संस्थान में करवाई जा रही है और यहां से पढ़े विद्यार्थी सीधे राजकीय मेडिकल कॉलेज और एनआईटी जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रवेश प्राप्त कर चुके हैं। लोकेश बिश्नोई ने कहा कि विद्यार्थी का परिणाम उसके रोजाना के अध्ययन प्लान पर निर्भर करता है। इसी को ध्यान में रखते हुए बच्चों के लिए नौ घंटे का शैक्षणिक शेड्यूल बनाया गया है। इसमें छह घंटे क्लासेज होंगी, जिनमें फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलॉजी या मैथ्स पढ़ाया जाएगा। इसके बाद तीन घंटे उसी दिन पढ़े गए टॉपिक्स पर प्रश्नों की प्रैक्टिस करवाई जाएगी, जिसमें फैकल्टी की मौजूदगी में विद्यार्थियों के सभी डाउट तुरंत हल किए जाएंगे।
