हनुमानगढ़। जिला पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीना के निर्देशानुसार जिलेभर में चलाए जा रहे “रात्रि चौपाल” अभियान के तहत पुलिस थाना गोगामेड़ी के ग्राम परलीका में रात्रि चौपाल का आयोजन किया गया। चौपाल में ग्रामीणों की समस्याएं सुनकर उनके समाधान के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए तथा विभिन्न जनजागरूकता अभियानों की जानकारी साझा की गई। कार्यक्रम में वृत्ताधिकारी भादरा संजीव कटेवा एवं पुलिस थाना गोगामेड़ी की थाना अधिकारी चंद्रकला ने ग्रामीणों के साथ जनसुनवाई की। इस दौरान क्षेत्र की स्थानीय समस्याओं, कानून-व्यवस्था एवं जनसुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की गई तथा कई समस्याओं का मौके पर ही निस्तारण किया गया। चौपाल में अधिकारियों ने नशा मुक्ति अभियान पर विशेष जोर देते हुए ग्रामीणों और युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र को नशामुक्त बनाने में आमजन की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। नशा तस्करी या अवैध नशीले पदार्थों की बिक्री की सूचना विशेष पुलिस हेल्पलाइन नंबर 87645-31201 पर देने की अपील की गई। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।

इस अवसर पर उपस्थित नागरिकों, युवाओं और महिलाओं को नशे से दूर रहने तथा समाज को नशामुक्त बनाने में सक्रिय योगदान देने की सामूहिक शपथ भी दिलाई गई। बढ़ते साइबर अपराधों को देखते हुए ग्रामीणों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया। अधिकारियों ने लोगों को किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ ओटीपी, बैंक खाते की जानकारी अथवा एटीएम पिन साझा नहीं करने की सलाह दी। साथ ही साइबर ठगी की स्थिति में तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की जानकारी दी गई। चौपाल में राजस्थान पुलिस के राजकोप सिटीजन ऐप की उपयोगिता भी बताई गई। अधिकारियों ने कहा कि चरित्र प्रमाण पत्र, किरायेदार एवं घरेलू नौकर सत्यापन सहित विभिन्न पुलिस सेवाओं का लाभ नागरिक इस ऐप के माध्यम से घर बैठे प्राप्त कर सकते हैं। यातायात सुरक्षा के संबंध में दुपहिया वाहन चालकों को हेलमेट पहनने, तीन सवारी नहीं बैठाने तथा नाबालिगों को वाहन नहीं देने की समझाइश दी गई। वहीं रात के समय सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए ट्रैक्टर-ट्रॉलियों पर रिफ्लेक्टर लाइट लगाने की अपील की गई। महिला एवं बालिका सुरक्षा पर चर्चा करते हुए थाना अधिकारी चंद्रकला ने पुलिस द्वारा संचालित सुरक्षा उपायों की जानकारी दी तथा किसी भी प्रकार की समस्या या उत्पीड़न की स्थिति में तुरंत पुलिस से संपर्क करने का आग्रह किया। रात्रि चौपाल में गांव के प्रबुद्ध नागरिकों, युवाओं एवं महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और विभिन्न विषयों पर अपने सुझाव एवं फीडबैक पुलिस अधिकारियों के साथ साझा किए।
