– रातभर महिलाओं और ग्रामीणों का विरोध, जंक्शन थाने के बाहर सांकेतिक धरना, अवैध परिवहन रोकने की मांग
हनुमानगढ़। घग्घर नदी क्षेत्र से मिट्टी खनन और ओवरलोड ट्रालों के परिवहन के विरोध में मक्कासर गांव में ग्रामीणों का आक्रोश सामने आया है। गुरुवार देर रात से ग्रामीणों ने मिट्टी से भरे ओवरलोड ट्रालों को रोक दिया और शुक्रवार को जंक्शन थाने के बाहर सांकेतिक धरना देकर कार्रवाई की मांग उठाई। ग्रामीणों का आरोप है कि घग्घर नदी के बहाव क्षेत्र से मिट्टी निकाली जा रही है और उसे ओवरलोड ट्रालों के जरिए गांव के बीच से ले जाया जा रहा है। उनका कहना है कि इन वाहनों से हर समय हादसे का खतरा बना रहता है। महिलाओं ने आरोप लगाया कि बड़े म्यूजिक सिस्टम और तेज हॉर्न वाले ट्रालों के कारण घरों से निकलना मुश्किल हो गया है। ग्राम पंचायत मक्कासर के प्रशासक बलदेव सिंह के नेतृत्व में ग्रामीणों ने शुक्रवार को जंक्शन थाना परिसर के बाहर सांकेतिक धरना दिया। उन्होंने ओवरलोड ट्रालों के परिवहन पर रोक लगाने की मांग की। प्रशासक बलदेव सिंह ने बताया कि घग्घर नदी किनारे सहजीपुरा, करणीसर, बहलोलनगर, कमाना, चक जहाना और डबलीराठान सहित कई गांव बसे हुए हैं। उनका कहना है कि नाली बेल्ट क्षेत्र से मिट्टी का खनन हो रहा है, लेकिन अन्य गांवों से मिट्टी से भरे वाहन नहीं गुजरते, जबकि मक्कासर गांव से ओवरलोड ट्राले लगातार निकाले जा रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इन ट्रालों पर नम्बर प्लेट तक नहीं लगी होती और न ही इनके टैक्स संबंधी दस्तावेज हैं। उनका कहना है कि प्रत्येक ट्रॉले में करीब 200 क्विंटल तक मिट्टी भरी जाती है, जिससे गांव की गलियों में दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। बलदेव सिंह ने बताया कि ग्रामीण पिछले करीब एक माह से इसका विरोध कर रहे हैं। जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपा गया, बीट अधिकारी को गांव बुलाया गया, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि गुरुवार रात ओवरलोड ट्राले की वजह से एक व्यक्ति की जान जाते-जाते बची, जिसके बाद रात करीब 12 बजे ग्रामीणों ने गांव की दो नम्बर गली में मिट्टी से भरे ट्रालों को रोक दिया। इसी दौरान पांच नम्बर गली में भी विवाद की स्थिति बनी। ग्रामीणों का आरोप है कि रात में पुलिस से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन तत्काल कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। शुक्रवार अल सुबह थाना प्रभारी से बातचीत के बाद पुलिस टीम गांव पहुंची और दो ट्रालों को थाने ले जाया गया। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन और परिवहन विभाग ने जल्द कार्रवाई नहीं की तो फोरलेन पर चक्काजाम किया जाएगा। ग्रामीणों की मांग है कि गांव के बीच से ओवरलोड ट्रालों का आवागमन पूरी तरह बंद किया जाए ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।
