रावतसर। भीषण गर्मी के इस दौर में जहां इंसान भी दोपहर के समय घरों में रहने को मजबूर है, वहीं बेजुबान परिंदों के लिए हालात और भी कठिन हो जाते हैं। तपते सूरज और गर्म हवाओं के बीच पानी की एक-एक बूंद उनके लिए जीवन और मृत्यु के बीच का फर्क बन जाती है। इसी संवेदनशील परिस्थिति को समझते हुए रावतसर में एक प्रेरणादायक पहल की शुरुआत की गई है, जिसने इंसानियत की मिसाल पेश की है। स्थानीय स्तर पर समाजसेवियों और जागरूक नागरिकों ने मिलकर परिंदों (पक्षियों के पानी के बर्तन) में नियमित रूप से पानी भरने का अभियान शुरू किया है। इस पहल में महाराज सेवानाथ जी, भाजपा नेता मनोज सोनी, गायक कलाकार नतिन कबीर, कनवाणी, रतन राव और रमेश सहित कई लोगों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।

सभी ने मिलकर यह संदेश दिया कि “जहां भी परिंदे बंधे हों, उन्हें खाली न रहने दें, क्योंकि आपकी छोटी सी कोशिश किसी जीव के जीवन को बचा सकती है।” इस अभियान का उद्देश्य सिर्फ पानी भरना नहीं, बल्कि लोगों को संवेदनशील बनाना भी है। एक प्यासे पक्षी के लिए परिंडे में भरा ठंडा पानी उम्मीद और राहत का प्रतीक बन जाता है। यह पहल सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रही है। सैकड़ों लोग परिंदे लगाकर और उनमें पानी भरकर अपनी तस्वीरें साझा कर रहे हैं, जिससे यह संदेश और अधिक लोगों तक पहुंच रहा है। इस पहल ने यह साबित कर दिया है कि इंसानियत बड़े कार्यों में नहीं, बल्कि छोटे-छोटे प्रयासों में जीवित रहती है। एक कटोरी पानी भी किसी के लिए जीवनदान बन सकता है। अब जरूरत है कि हर व्यक्ति इस अभियान से जुड़े और संकल्प ले कि इस गर्मी में न सिर्फ खुद का, बल्कि बेजुबान पक्षियों का भी ध्यान रखे।
संवाददाता- नरेश
