– पीड़ित परिवार ने शहरी एवं ग्रामीण सेवा शिविर में लगाई न्याय की गुहार
हनुमानगढ़। प्रशासन शहरों एवं गांवों के संग अभियान के तहत शुक्रवार को मक्कासर में आयोजित शिविर में एक नायक समाज के पीड़ित परिवार ने अपनी कृषि भूमि पर कथित अवैध कब्जे का मामला उठाते हुए न्याय की मांग की। पीड़ित परिवार का आरोप है कि उनकी करीब 36 बीघा कृषि भूमि पर कई वर्षों से प्रभावशाली लोगों द्वारा कब्जा किया हुआ है, जिसके कारण वे लंबे समय से न्याय के लिए भटक रहे हैं। परिवार के सदस्यों ने आरोप लगाया कि भूमि विवाद को लेकर उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही हैं। उनका कहना है कि यदि उन्होंने जमीन के संबंध में कोई कानूनी कार्रवाई की तो उन्हें नशेड़ियों से मरवाने या पिटवाने की धमकी दी जा रही है। पीड़ित पक्ष ने आशंका जताई कि यदि उनके परिवार या उनका समर्थन कर रहे लोगों के साथ कोई अप्रिय घटना होती है तो इसकी जिम्मेदारी संबंधित कब्जाधारियों के साथ-साथ सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने वाले प्रशासन की होगी। मामले को लेकर आदर्शवादी कांग्रेस पार्टी के प्रदेश, संभाग, जिला और तहसील स्तर के विभिन्न प्रकोष्ठों के पदाधिकारी भी शिविर में पहुंचे और पीड़ित परिवार के समर्थन में प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। बताया गया कि शिविर प्रभारी तहसीलदार मौके पर उपस्थित नहीं थे, जिसके बाद उप तहसीलदार को लिखित ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की गई। पीड़ित परिवार के सदस्यों ने मीडिया के समक्ष अपनी समस्या रखते हुए भूमि पर कब्जा हटाने, सुरक्षा उपलब्ध कराने तथा मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। इस दौरान आदर्शवादी कांग्रेस पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. प्रेमसिंह शेखावत, बीकानेर संभाग प्रभारी घने सिंह राठौड़, ओबीसी प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष छिद्रपाल वर्मा, एससी-एसटी प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष विनोद कुमार बोगियां, ओबीसी प्रकोष्ठ उपाध्यक्ष सुरेंद्र कठपाल, किसान मोर्चा जिला अध्यक्ष राजेंद्र सिंह, ग्रामीण देहात कार्यकारिणी अध्यक्ष अजय बसीर सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। पीड़ित परिवार की ओर से अमीचंद, जड़ाव देवी, दुलाराम पोटलिया, चुनीराम तथा ज्योति नायक सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। ज्ञापन में प्रशासन से भूमि विवाद का शीघ्र समाधान कर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की गई।
