हनुमानगढ़। अपराध नियंत्रण, कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने और असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने के उद्देश्य से पुलिस मुख्यालय जयपुर के निर्देशानुसार मंगलवार शाम हनुमानगढ़ जिले में विशेष ‘ए’ श्रेणी (ए-केटेगरी) की नाकाबंदी की गई। यह सघन अभियान शाम 7 बजे से रात 11 बजे तक चार घंटे तक चला, जिसमें संदिग्ध वाहनों, वस्तुओं और व्यक्तियों की गहन जांच की गई। नाकाबंदी अभियान की प्रभावशीलता का जायजा लेने के लिए जिला पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीना स्वयं फील्ड में उतरे और जिला मुख्यालय स्थित अग्रसेन चौक तथा राधा स्वामी डेरे के समीप बनाए गए नाकाबंदी प्वाइंट्स का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों की सतर्कता की जांच की और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि चेकिंग के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाए तथा हर संदिग्ध गतिविधि पर पैनी नजर रखी जाए।

विशेष नाकाबंदी अभियान के दौरान जिले के सभी वृत्ताधिकारी (सीओ) और थानाधिकारी (एसएचओ) अपने-अपने क्षेत्रों में नाकाबंदी स्थलों पर मौजूद रहे और अभियान की निगरानी करते रहे। पुलिस की विभिन्न टीमों ने जिले के प्रमुख चौराहों, अंतर-राज्यीय एवं अंतर-जिला सीमाओं तथा संवेदनशील मार्गों पर नाके लगाकर व्यापक स्तर पर जांच अभियान चलाया। चार घंटे तक चले इस अभियान के दौरान बिना नंबर की गाड़ियों, काली फिल्म लगी कारों और अन्य संदिग्ध वाहनों की सघन तलाशी ली गई। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ चालान की कार्रवाई की गई, वहीं संदिग्ध व्यक्तियों से पूछताछ भी की गई। इसके अलावा मादक पदार्थों, अवैध हथियारों और बेहिसाबी नकदी की तस्करी पर रोक लगाने के लिए वाहनों के डैशबोर्ड और डिग्गी की बारीकी से जांच की गई। पुलिस ने मौके पर ही ‘वाहन ऐप’ के माध्यम से संदिग्ध वाहनों के चेसिस और रजिस्ट्रेशन नंबरों का सत्यापन भी किया। जिला पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीना ने कहा कि हनुमानगढ़ पुलिस आमजन की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि “अपराधियों में डर, आमजन में विश्वास” के ध्येय को साकार करने के लिए इस प्रकार की औचक नाकाबंदी और सघन चेकिंग अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेंगे।
