– कार्मिकों को दिए सतर्कता के निर्देश, उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति पर जोर- एसई चारण ने जीएसएस का किया निरीक्षण, बोले-बारिश में लापरवाही नहीं, सुरक्षा सर्वोपरि
हनुमानगढ़। जोधपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के अधीक्षण अभियंता रिछपाल सिंह चारण ने सोमवार को जंक्शन स्थित राजीव गांधी स्टेडियम के सामने बने ग्रिड सब-स्टेशन (जीएसएस) का निरीक्षण कर बिजली व्यवस्था एवं सुरक्षा प्रबंधों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने जीएसएस परिसर की साफ-सफाई, शटडाउन एवं ट्रिपिंग रिकॉर्ड के संधारण सहित विभिन्न व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों और कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान एसई चारण ने जीएसएस पर कार्यरत निगम एवं एफआरटी (फॉल्ट रिपेयर टीम) के कर्मचारियों से कार्यप्रणाली की जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि जीएसएस परिसर में नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए तथा झाड़-झंखाड़ को तत्काल हटाया जाए, ताकि बरसात के मौसम में किसी प्रकार की दुर्घटना की आशंका न रहे। उन्होंने कर्मचारियों को स्पष्ट हिदायत दी कि बिजली लाइन पर कार्य करते समय किसी भी प्रकार की जल्दबाजी न करें। जिस फीडर का शटडाउन लिया जाना है, उसे दो बार पूरी तरह जांचें, लाइन को अर्थिंग करने के बाद आसपास यह सुनिश्चित करें कि कहीं से बिजली आपूर्ति तो नहीं हो रही।

सभी सुरक्षा उपायों की पुष्टि होने के बाद ही कार्य शुरू किया जाए। एसई चारण ने कहा कि उपभोक्ताओं को निर्बाध एवं गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराना निगम की प्राथमिकता है। साथ ही कर्मचारियों से भी उन्होंने कहा कि वे अनावश्यक दबाव में आए बिना अपनी सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पूरी सावधानी के साथ कार्य करें। उन्होंने बताया कि गर्मी के शुरुआती सीजन में बिजली तंत्र पर अत्यधिक भार बढ़ने से कुछ स्थानों पर आपूर्ति संबंधी दिक्कतें आई थीं। उस दौरान कर्मचारियों ने तत्परता दिखाते हुए कमजोर केबलों को बदला तथा फॉल्ट रिपेयर टीम की गश्त बढ़ाकर व्यवस्था को सामान्य किया। वर्तमान में बिजली आपूर्ति काफी हद तक सुचारु है। हालांकि व्यक्तिगत शिकायत या तकनीकी खराबी मिलने पर आवश्यकतानुसार अस्थायी रूप से सप्लाई बंद करनी पड़ती है। बरसात के मौसम को देखते हुए एसई चारण ने विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जलभराव या करंट फैलने की आशंका होने पर तत्काल बिजली आपूर्ति बंद कर मौके पर पहुंचकर समस्या का समाधान किया जाए। उन्होंने सभी जीएसएस पर नियमित निगरानी रखने और किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
