हनुमानगढ़। धाणका समाज के जाति प्रमाण पत्र जारी करने पर लगी कथित मौखिक रोक हटाने की मांग को लेकर जिला कलक्ट्रेट के समक्ष संघर्ष समिति के बैनर तले चल रहा समाज का बेमियादी धरना गुरुवार को 367वें दिन भी जारी रहा। इसी क्रम में धाणका समाज के 22 नागरिकों ने जेल भरो आंदोलन के तहत सांकेतिक गिरफ्तारी दी। समाज के नागरिक रैली के रूप में धानमंडी परिसर में पहुंचे और गिरफ्तारियां दी। संघर्ष समिति के जितेन्द्र सिंह धाणका ने कहा कि शासन-प्रशासन की ओर से समाज की मांगों पर सुनवाई नहीं की जा रही है। उन्होंने कहा कि जाति प्रमाण पत्र जारी करने पर लगी रोक हटाने की मांग को लेकर संघर्ष समिति की ओर से पिछले एक वर्ष से अधिक समय से आंदोलन किया जा रहा है। इस दौरान कई बार अधिकारियों को ज्ञापन सौंपे गए, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री से मुलाकात के लिए भी समाज के लोगों को समय नहीं दिया जा रहा है। इसके विरोध में धाणका समाज ने आगामी निकाय चुनावों के बहिष्कार का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार का हर स्तर पर विरोध जारी रहेगा। जितेन्द्र सिंह धाणका ने आरोप लगाया कि सरकारें उनके समाज के वोट तो लेती हैं, लेकिन उनके अधिकारों के मुद्दे पर सुनवाई नहीं करतीं। उन्होंने कहा कि समाज अपने अधिकारों की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि गुरुवार को 22 नागरिकों की ओर से दी गई सांकेतिक गिरफ्तारी सरकार को चेताने के लिए है। यदि समय रहते समाज की मांग पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो देशभर का धाणका समाज एकजुट होकर आंदोलन को व्यापक रूप देगा और सामूहिक गिरफ्तारियां देने के लिए मजबूर होगा।
