– नगराना निवासी ने दो लोगों पर शिकायत वापस लेने का दबाव बनाने, बच्चों से हाथापाई और जान से मारने की धमकी देने का लगाया आरोप
हनुमानगढ़। नगराना निवासी सोनू पुत्र मोदन सिंह ने जिला पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना-पत्र देकर पड़ोस में रहने वाले बलविन्द्र एवं रघुवीर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने तथा अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। परिवादी ने आरोप लगाया कि दोनों आरोपियों के खिलाफ पहले की गई शिकायत को वापस लेने के लिए उस पर दबाव बनाया गया और जान से मारने की धमकी दी गई। प्रार्थना-पत्र के अनुसार आरोपियों ने उनके घर के आगे ईंटों का मलबा एवं कचरा डालकर रास्ते पर अतिक्रमण कर रखा है, जिससे गंदे पानी की निकासी प्रभावित हो रही है। मलबा हटाने के लिए कहने पर दोनों ने रंजिश रख ली। परिवादी के अनुसार उसने इस संबंध में 181 पर ऑनलाइन शिकायत भी दर्ज करवाई थी। परिवादी ने आरोप लगाया कि 5 अक्टूबर को बलविन्द्र सिंह ने फोन कर शिकायत वापस लेने को कहा और ऐसा नहीं करने पर उसे तथा उसके परिवार को जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद 6 अक्टूबर की दोपहर जब वह अपने बच्चों के साथ कार से दूसरे घर की ओर जा रहा था, तब दोनों आरोपियों ने कथित रूप से कार के आगे आकर उसे रोक लिया और गाली-गलौज करते हुए हाथापाई करने लगे। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। परिवादी ने बताया कि उसका नाबालिग पुत्र नवजोत सिंह पहले से चोटिल था और वह उसे डॉक्टर को दिखाने के लिए ले जा रहा था। आरोप है कि इस दौरान दोनों ने कार की खिड़की खोलकर बच्चे का पैर पकड़कर खींचा और उसके साथ मारपीट की, जिससे उसकी चोट में दर्द बढ़ गया और वह घबरा गया। परिवादी ने घटना की वीडियो रिकॉर्डिंग होने की बात भी कही है। सोनू ने बाल कल्याण समिति, हनुमानगढ़ को दिए अलग प्रार्थना-पत्र में भी अपने नाबालिग पुत्र के साथ कथित मारपीट और धमकी का उल्लेख करते हुए आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। उसने आशंका जताई कि उसका पुत्र स्कूल आने-जाने के दौरान आरोपियों के घर के सामने से गुजरता है, इसलिए उसके साथ किसी अप्रिय घटना की आशंका बनी हुई है। परिवादी ने 6 अक्टूबर को संगरिया पुलिस थाने में घटना की सूचना देने के बावजूद कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाया है। उसने जिला पुलिस अधीक्षक से दोनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने तथा अपने और परिवार के जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
