ऐलनाबाद। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा शनिवार को न्यायालय परिसर सिरसा सहित उपमंडल न्यायालय परिसर डबवाली और ऐलनाबाद में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। लोक अदालत के माध्यम से विभिन्न प्रकार के लंबित मामलों का आपसी सहमति से समाधान किया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी प्रवेश सिंगला ने जानकारी देते हुए बताया कि लोक अदालत में विभिन्न न्यायालयों में विचाराधीन मामलों को निपटारे के लिए रखा गया था। इनमें मुख्य रूप से चेक बाउंस, बैंक रिकवरी, मोटर वाहन दुर्घटना दावे, घरेलू विवाद, बिजली-पानी से जुड़े मामले तथा दिवानी व फौजदारी प्रकृति के अन्य विवाद शामिल थे। उन्होंने बताया कि इस लोक अदालत में कुल 53,493 मामलों को सुनवाई के लिए रखा गया था, जिनमें से 37,788 मामलों का सफलतापूर्वक निपटारा किया गया। इन मामलों में कुल 12 करोड़ 61 लाख 29 हजार 926 रुपये की राशि का समायोजन कराया गया। राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल संचालन के लिए कुल 6 बेंचों का गठन किया गया। इनमें अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश फैमिली कोर्ट सिरसा सुमित गर्ग, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सिरसा राजन वालिया, सिविल जज (सीनियर डिवीजन) एवं अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सिरसा मुनीश नागर, सिविल जज (जूनियर डिवीजन) एवं न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी सिरसा रिचू, सिविल जज (जूनियर डिवीजन) एवं न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी डबवाली सुमन तथा अतिरिक्त सिविल जज (सीनियर डिवीजन) एवं उपमंडल न्यायिक दंडाधिकारी ऐलनाबाद आशिष आर्य ने लोक अदालत की कार्यवाही का संचालन किया। उन्होंने बताया कि लोक अदालत की प्रक्रिया सरल और त्वरित होती है। इसमें दोनों पक्षों को आमने-सामने बैठाकर बातचीत के माध्यम से समझौता कराया जाता है, जिससे समय और धन की बचत के साथ-साथ आपसी विवाद भी समाप्त हो जाते हैं।
संवाददाता- रमेश भार्गव
