हनुमानगढ़। शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी संस्थान श्री खुशाल दास विश्वविद्यालय में 77वां गणतंत्र दिवस बड़े ही हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन के पश्चात ध्वजारोहण के साथ हुई। मुख्य अतिथि के रूप में रिटायर्ड आईजी गिरीश चावला उपस्थित रहे। इस अवसर पर रिटायर्ड आईजी गिरीश चावला ने अपने संबोधन में कहा कि आज भारत स्टार्ट-अप के क्षेत्र में विश्व में तीसरे पायदान पर है, जिसमें लगभग 45 प्रतिशत योगदान महिलाओं का है। उन्होंने कहा कि देश को आगे बढ़ाने के लिए सामाजिक समरसता बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। जाति-धर्म के भेदभाव से ऊपर उठकर, बिना किसी की आलोचना किए यदि हम टीम-भावना के साथ राष्ट्र को सुदृढ़ एवं विकसित बनाने का संकल्प लें, तो निश्चित रूप से भारत प्रगति के पथ पर और तेज़ी से आगे बढ़ेगा। चावला ने कहा कि पिछले 10 वर्षों में देश की वार्षिक विकास दर 6 प्रतिशत से अधिक रही है, जो अपने-आप में एक बड़ी उपलब्धि है। वहीं देश की जीडीपी में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिससे भारत विश्व पटल पर सशक्त रूप में उभरा है। उन्होंने श्री खुशाल दास विश्वविद्यालय के निरंतर हो रहे विस्तार और नवाचारों की सराहना करते हुए कहा कि वाग्भट वेलनेस, खेलकूद एवं शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे नवाचार निश्चित रूप से गर्व का विषय हैं। श्री गुरु गोबिंद सिंह चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष बाबूलाल जुनेजा ने अपने संबोधन में कहा कि गणतंत्र दिवस हमें हमारे संविधान, लोकतांत्रिक मूल्यों एवं राष्ट्रीय कर्तव्यों की याद दिलाता है। उन्होंने कहा कि शिक्षा ही राष्ट्र निर्माण की सबसे मजबूत नींव है और विश्वविद्यालय द्वारा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, संस्कार एवं राष्ट्रभक्ति के मूल्यों का प्रसार किया जा रहा है। जुनेजा ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे अनुशासन, परिश्रम और नैतिक मूल्यों के साथ अपने जीवन में आगे बढ़ें तथा देश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं। कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ भी दी गईं, जिन्होंने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। अंत में राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। मंच संचालन एकता बिबान ने किया I
