हनुमानगढ़। पूर्व मुख्यमंत्री के मुख्य ओएसडी रहे आईएएस अधिकारी देवाराम सैनी ने शनिवार को हनुमानगढ़ दौरे के दौरान कृषि महाविद्यालय के नए भवन निर्माण कार्य का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। निरीक्षण के बाद उन्होंने बताया कि हनुमानगढ़ में कृषि महाविद्यालय वर्ष 2021 से पुराने भवन में संचालित हो रहा है और इसका प्रथम बैच पास आउट हो चुका है।

वर्तमान में परीक्षाएं जारी हैं तथा मई माह में दूसरा बैच भी पास आउट होगा। इस समय महाविद्यालय में लगभग 230 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। प्रत्येक बैच में 66 विद्यार्थियों को जॉइंट एंट्रेंस टेस्ट के माध्यम से प्रवेश दिया जाता है। उन्होंने बताया कि चार वर्षीय पाठ्यक्रम पूर्ण करने वाले छात्र-छात्राओं के लिए प्लेसमेंट की समुचित व्यवस्था की जाती है। इसके लिए कॉलेज में प्लेसमेंट सेल कार्यरत है, जो छात्र-छात्राओं को रोजगार संबंधी मार्गदर्शन प्रदान करता है।

उन्होंने कहा कि इन छात्र-छात्राओं में से कोई भविष्य में वैज्ञानिक बनेगा तो कोई प्रशासक, इसलिए उन्हें उच्च गुणवत्ता की शिक्षा उपलब्ध कराना प्राथमिकता है। आईएएस सैनी ने बताया कि राज्य सरकार ने कृषि महाविद्यालय के नए भवन निर्माण के लिए 14.2 करोड़ रुपए स्वीकृत किए थे। वर्तमान में भवन निर्माण कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है। शीघ्र ही गवर्नर से उद्घाटन का निवेदन किया जाएगा।

नए भवन में स्थानांतरण के बाद नियमित कक्षाएं प्रारंभ होंगी, साथ ही छात्रावास सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। यहां छह अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएंगी, जहां प्रोफेसर और वैज्ञानिक कार्य करेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि पूर्व में निर्माण गुणवत्ता को लेकर कुछ शिकायतें प्राप्त हुई थीं, जिनमें आवश्यक सुधार करवाया गया है। गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित होने के बाद ही कक्षाएं नए भवन में प्रारंभ की जाएंगी।

प्रवेश प्रक्रिया के संबंध में उन्होंने जानकारी दी कि स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्वविद्यालय (बीकानेर) की ओर से इस वर्ष अगस्त तक जॉइंट एंट्रेंस प्रक्रिया पूर्ण करने का प्रयास रहेगा। प्रवेश परीक्षा में प्राप्त अंकों के आधार पर काउंसलिंग के जरिए छात्र-छात्राओं को महाविद्यालय आवंटित किया जाएगा।
