– 30 मार्च को जयपुर में 25 राष्ट्रों की उपस्थिति में होगा सम्मान समारोह
हनुमानगढ़। राजस्थान की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, सामाजिक समरसता और राष्ट्रीय एकता के संदेश को सशक्त बनाने के उद्देश्य से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कार्य कर रहे संगठन अंतरराष्ट्रीय समरसता मंच (वीएसओ) की ओर से राजस्थान स्थापना दिवस के अवसर पर 30 मार्च को भव्य सांस्कृतिक सम्मेलन एवं विचार प्रेजेंटेशन कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। यह कार्यक्रम गुलाबी नगर जयपुर में आयोजित होगा, जिसमें 25 देशों के राष्ट्रध्वजों की उपस्थिति के बीच विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली प्रतिभाओं को सम्मानित किया जाएगा। इस समारोह में हनुमानगढ़ जिले के डीओ आईटी कार्यालय में कार्यरत असिस्टेंट प्रोग्रामर एवं साइबर विशेषज्ञ डॉ. केन्द्र प्रताप को प्रतिष्ठित राजस्थान समरसता गौरव अवार्ड से सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान उन्हें समाज में समरसता, जागरूकता और डिजिटल सुरक्षा के क्षेत्र में किए गए उल्लेखनीय कार्यों के लिए प्रदान किया जा रहा है। डॉ. केन्द्र प्रताप ने बताया कि राजस्थान स्थापना दिवस महोत्सव के अंतर्गत आयोजित यह कार्यक्रम राज्य की गौरवशाली परंपराओं, सांस्कृतिक विविधता और सामाजिक एकता को उत्सव के रूप में प्रस्तुत करने का एक महत्वपूर्ण मंच है। इस आयोजन के माध्यम से समाज में भाईचारा, समरसता और सांस्कृतिक चेतना को बढ़ावा देने का सकारात्मक संदेश दिया जाएगा। उल्लेखनीय है कि डॉ. केन्द्र प्रताप ने केंद्र सरकार की विकसित भारत संकल्प यात्रा से प्रेरणा लेकर हनुमानगढ़ जिले में “साइबर योद्धा” नामक एक अभिनव पहल शुरू की। इस पहल के माध्यम से उन्होंने डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति लोगों को जागरूक करने का कार्य किया। उनके प्रयासों से जिले में हजारों नहीं बल्कि लाखों लोगों तक साइबर सुरक्षा संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी पहुंचाई गई, जिससे आमजन को ऑनलाइन धोखाधड़ी और साइबर ठगी से बचाव के बारे में जागरूकता मिली। डॉ. केन्द्र प्रताप की इस पहल को प्रशासनिक एवं सामाजिक स्तर पर भी सराहना मिली है। साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में उनके नवाचार और जनजागरूकता अभियानों ने उन्हें प्रदेश स्तर पर एक अलग पहचान दिलाई है। राजस्थान समरसता गौरव अवार्ड के लिए चयन की सूचना मिलने पर उनके मित्रों, शुभचिंतकों और ग्रामवासियों में खुशी की लहर दौड़ गई। सभी ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। सामाजिक संगठनों और बुद्धिजीवियों ने भी इसे हनुमानगढ़ जिले के लिए गर्व का विषय बताया है। इस सम्मान के माध्यम से न केवल डॉ. केन्द्र प्रताप के कार्यों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलेगी, बल्कि यह युवाओं को भी समाज के प्रति सकारात्मक और रचनात्मक योगदान देने के लिए प्रेरित करेगा।
