चारणवासी। फेफाना में विनोद भादू पर हुए कातिलाना हमले के मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर थाने के सामने चल रहा धरना बुधवार को सातवें दिन समाप्त हो गया। धरनार्थियों, पुलिस प्रशासन और पूर्व विधायक अभिषेक मटोरिया के बीच हुई वार्ता के बाद 13 मार्च को प्रस्तावित थाने के घेराव को स्थगित करते हुए धरना उठा लिया गया। धरना स्थल पर ग्रामीणों को संबोधित करते हुए मंगेज चौधरी ने कहा कि पुलिस शराब माफियाओं के दबाव में आकर न्याय मांगने वाले ग्रामीणों को डराने का प्रयास कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि 5 मार्च को थाने के सामने शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे करीब 150 लोगों के खिलाफ राजकार्य में बाधा और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का मामला दर्ज करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। दोपहर बाद नए थानाधिकारी नरेंद्र सहू धरना स्थल पर पहुंचे, जहां पूर्व विधायक अभिषेक मटोरिया ने ग्रामीणों से वार्ता की। मटोरिया ने कहा कि ग्रामीणों की मांग के अनुसार थानाधिकारी बदल दिया गया है, इसलिए अब धरना और 13 मार्च के घेराव की आवश्यकता नहीं है। हालांकि ग्रामीण आरोपियों की गिरफ्तारी तक धरना जारी रखने पर अड़े रहे, लेकिन पूर्व विधायक की समझाइश के बाद वे मान गए। ग्रामीणों ने प्रदर्शन के दौरान दर्ज किए गए मुकदमों को वापस लेने की मांग भी रखी। इस पर थानाधिकारी नरेंद्र सहू ने आश्वासन दिया कि मामले की जांच उनके पास है और किसी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। वहीं पूर्व विधायक मटोरिया ने भी एसपी से वार्ता कर मामले को शांतिपूर्वक सुलझाने का भरोसा दिलाया। थानाधिकारी ने शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए 10 दिन का समय मांगा, जिसे ग्रामीणों ने स्वीकार कर लिया। इसके बाद धरना समाप्त कर दिया गया। गौरतलब है कि इस मामले में आठ नामजद आरोपियों में से तीन को पूर्व थानाधिकारी कैलाशचंद्र द्वारा गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि एक नाबालिग सहित कुल चार आरोपी अब तक पकड़े जा चुके हैं। वार्ता के दौरान जगदीश भादू, कालूराम, रणजीत, रवि भादू, सुभाष सुथार सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
