हनुमानगढ़। राजस्थान कौंसिल ऑफ डिप्लोमा इंजीनियर्स का 20वां प्रांतीय अधिवेशन एवं संगठन का गोल्डन जुबली कार्यक्रम 11 एवं 12 अप्रैल को स्काई बर्ड रिसोर्ट, नाल (बीकानेर) में आयोजित किया गया। अधिवेशन में राजस्थान के सभी जिलों एवं संभागों से 500 से अधिक डिप्लोमा अभियंताओं ने भाग लिया। उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि इ. एन. डी. द्विवेदी (राष्ट्रीय अध्यक्ष, आल इंडिया फेडरेशन ऑफ डिप्लोमा इंजीनियर्स), इ. बलवंत सिंह हाड़ा (अध्यक्ष, उच्च परामर्श दात्री समिति), इ. राजेंद्र प्रसाद पचौरी (पूर्व अध्यक्ष कौंसिल), इ. डी.सी. भारद्वाज (पूर्व अध्यक्ष एफओडीई) तथा इ. ओम प्रकाश विश्नोई (जोनल सचिव एफओडीई) का माला एवं साफा पहनाकर स्वागत किया गया। कौंसिल के अध्यक्ष इ. डी.पी. चौधरी एवं महासचिव इ. दिनेश सिंहमार ने सभी प्रतिनिधियों का स्वागत किया तथा संगठन के 50 वर्ष के इतिहास एवं कार्यकाल का विवरण प्रस्तुत किया। मंच संचालन इ. कुलदीप वैष्णव द्वारा किया गया।

अधिवेशन में डिप्लोमा अभियंताओं की सेवा नियमों, वेतन विसंगतियों, पदोन्नति में बाधाओं तथा विभिन्न राज्यों में अलग-अलग सेवा संरचनाओं पर चर्चा की गई। वक्ताओं ने डीपीसी नियमों के कारण अधिशासी अभियंता पद पर पदोन्नति में आ रही समस्याओं तथा फील्ड में अभियंताओं के साथ होने वाले दुर्व्यवहार पर भी चिंता व्यक्त की। इ. एन. डी. द्विवेदी ने संगठन के 50वें वर्ष पर बधाई देते हुए सुप्रीम कोर्ट में चल रहे मामलों एवं सेवा नियमों की स्थिति पर प्रकाश डाला। वहीं इ. डी.सी. भारद्वाज ने विभिन्न राज्यों में वेतनमान असमानता को लेकर अभियंताओं से एकजुट होकर संघर्ष करने का आह्वान किया।

प्रांतीय महासचिव इ. दिनेश सिंहमार द्वारा चुनाव की घोषणा की गई, जिसके लिए इ. हापु दास वैष्णव एवं इ. राय सिंह साऊ को चुनाव अधिकारी एवं पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया। देर शाम तक चली चुनाव प्रक्रिया में अध्यक्ष इ. बलराम जाखड़, महासचिव इ. उपदेश अग्रवाल, उपाध्यक्ष (जल संसाधन) इ. नितेश नायक, उपाध्यक्ष (पीडब्ल्यूडी) इ. लोकेश गुप्ता, उपाध्यक्ष (पीएचईडी) इ. राजेश कुमार आर्य, कोषाध्यक्ष इ. भूरी सिंह निर्वाचित घोषित किए गए। समापन सत्र में विजयी कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया, जिसमें इ. बलवंत सिंह हाड़ा एवं इ. डी.सी. भारद्वाज ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को शपथ दिलाई। कार्यक्रम का समापन संगठनात्मक एकता एवं भविष्य की कार्ययोजना के संकल्प के साथ हुआ।
