टिब्बी। उपखंड मुख्यालय टिब्बी में गुरुवार को स्थानीय व्यापारियों और फूड ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन ने क्षेत्र की दो प्रमुख समस्याओं को लेकर उपखंड अधिकारी (एसडीएम) को ज्ञापन सौंपा। व्यापार मंडल संस्था के अध्यक्ष विजय नोखवाल के नेतृत्व में दिए गए ज्ञापन में बाजार में बढ़ते दुर्घटना के खतरे और आगामी गेहूं खरीद सीजन में आने वाली व्यावहारिक समस्याओं के समाधान की मांग की गई। ज्ञापन में व्यापारियों ने बताया कि टिब्बी बाजार में अंबेडकर चौक से लेकर रेलवे स्टेशन तक वाहनों की तेज और अनियंत्रित गति के कारण हर समय हादसे की आशंका बनी रहती है। यहां पूर्व में लगाए गए प्लास्टिक के स्पीड ब्रेकर पूरी तरह टूट चुके हैं, जिससे राहगीरों और दुकानदारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। व्यापारियों का कहना है कि गेहूं खरीद सीजन शुरू होने के साथ मंडी में भीड़ और यातायात बढ़ेगा, इसलिए दुर्घटनाओं की आशंका और अधिक बढ़ सकती है।

ऐसे में प्रशासन से यहां मजबूत और उच्च तकनीक वाले स्पीड ब्रेकर लगाने की मांग की गई है, ताकि किसी भी जनहानि को रोका जा सके। वहीं, फूड ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने गेहूं खरीद व्यवस्था को लेकर भी नाराजगी जताई। उन्होंने बताया कि मंडी में गेहूं की आवक शुरू होने वाली है, लेकिन निर्धारित तीन एजेंसियों में से केवल एफसीआई ने ही अपनी तैयारी पूरी की है। जबकि खाद्य आपूर्ति विभाग और तिलम संघ की ओर से अभी तक न तो अधिकारियों की नियुक्ति की गई है और न ही बारदाने की व्यवस्था की गई है। व्यापारियों ने सरकार द्वारा लागू किए गए नए बायोमेट्रिक और स्लॉट बुकिंग सिस्टम का भी विरोध किया। उनका कहना है कि यह व्यवस्था किसानों के लिए व्यावहारिक नहीं है और कटाई के व्यस्त समय में इससे किसानों को अनावश्यक परेशानी होगी। उन्होंने मांग की कि फिलहाल गेहूं खरीद पुरानी पंजीकरण व्यवस्था के आधार पर ही की जाए तथा लॉटरी के अनुसार आवंटित एजेंसियों को तुरंत बारदाना उपलब्ध कराकर टिब्बी मंडी भेजा जाए। इस अवसर पर भूपेंद्र सिंह शेखों, बजरंग सैनी, प्रेम प्रकाश ढाका, सोनू, लवली गोयल, डॉ. धर्मवीर सहू सहित कई व्यापारी और ग्रामीण मौजूद रहे।
संवाददाता- प्रभु राम
