हनुमानगढ़। जोधपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (जोधपुर डिस्कॉम) के अधीक्षण अभियंता कार्यालय में सोमवार को आयोजित समीक्षा बैठक में बिजली व्यवस्था, राजस्व वसूली और तकनीकी खामियों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक की अध्यक्षता बीकानेर के संभागीय मुख्य अभियंता केके कस्वां ने की। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि बढ़ते लाइन लॉस पर तत्काल नियंत्रण के लिए ठोस रणनीति बनाकर उसे सख्ती से लागू किया जाए। बैठक में प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान हनुमानगढ़ वृत्त में राजस्व वसूली में सुधार दर्ज किया गया है। हालांकि, इसके साथ ही लाइन लॉस में लगातार वृद्धि चिंता का विषय बनी हुई है। इस पर मुख्य अभियंता ने नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को जवाबदेही तय करने और क्षेत्रवार विश्लेषण कर सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए। विशेष रूप से नोहर सब-डिवीजन की स्थिति पर उन्होंने गहरी असंतुष्टि व्यक्त की और वहां त्वरित सुधार की आवश्यकता पर जोर दिया। मुख्य अभियंता कस्वां ने सभी श्रेणियों के लंबित बिजली कनेक्शनों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र जारी करने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को समय पर सेवाएं उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है। इसके साथ ही संपर्क पोर्टल पर दर्ज शिकायतों का त्वरित और प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि उपभोक्ता संतुष्टि में सुधार हो सके। बैठक में प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना सहित अन्य सौर ऊर्जा योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि इन योजनाओं के प्रचार-प्रसार में तेजी लाकर अधिक से अधिक उपभोक्ताओं को जोड़ें, जिससे पारंपरिक बिजली पर निर्भरता कम हो और ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोतों को बढ़ावा मिल सके। इसके अलावा, खराब बिजली मीटरों को प्राथमिकता के आधार पर बदलने के निर्देश दिए गए। मुख्य अभियंता ने कहा कि खराब मीटर न केवल राजस्व हानि का कारण बनते हैं, बल्कि उपभोक्ताओं के बीच असंतोष भी पैदा करते हैं। इसलिए समयबद्ध तरीके से मीटर बदलना सुनिश्चित किया जाए। आगामी मानसून को ध्यान में रखते हुए सभी फीडरों और सब-स्टेशनों का समय रहते रखरखाव करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने अधिकारियों को चेताया कि बरसात के दौरान तकनीकी खराबियों से बचने के लिए अभी से तैयारी करना आवश्यक है। साथ ही फसल कटाई के दौरान संभावित दुर्घटनाओं को रोकने के लिए किसानों के साथ समन्वय स्थापित करने और जरूरत पड़ने पर बिजली आपूर्ति को नियंत्रित करने के निर्देश भी दिए गए। इस समीक्षा बैठक में अधीक्षण अभियंता आरएस चारण, लेखाधिकारी गिरधर गोपाल अरोड़ा सहित विभाग के अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में लिए गए निर्णयों के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया गया, ताकि क्षेत्र में बिजली आपूर्ति व्यवस्था को और बेहतर बनाया जा सके।
