हनुमानगढ़। नोहर थाना पुलिस ने 25 करोड़ रुपए का बिजनेस लोन दिलाने का झांसा देकर 87 लाख रुपए की कथित ठगी करने के आरोप में मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक के आदेश पर परिवाद की जांच के बाद की गई। एफआईआर के अनुसार परिवादी मनीष व्यास (20) पुत्र सत्यपाल व्यास उर्फ सतपाल शर्मा निवासी वार्ड संख्या 4, ढिलकी जाटान तहसील नोहर ने पुलिस अधीक्षक को परिवाद सौंपकर बताया कि उसके पिता सत्यपाल व्यास नोहर में सत्यम डेयरी एवं सत्यम फूड प्रोसेसिंग कम्पनी का व्यवसाय करते थे। व्यवसाय के विस्तार के लिए उन्हें बड़े बिजनेस लोन की आवश्यकता थी। दूरभाष से निलेश नामक व्यक्ति के माध्यम से संपर्क हुआ। इसके बाद 11 अक्टूबर 2025 को महेन्द्र तथा समीर सत्यम फूड प्रोसेसिंग कम्पनी पहुंचे और दावा किया कि वे 25 करोड़ रुपए का बिजनेस लोन स्वीकृत करवा देंगे। उस समय नोहर निवासी देवीलाल एवं रमेश भी फर्म पर मौजूद थे। आरोपियों ने लोन प्रक्रिया के नाम पर उसकी फर्म सत्यम फूड प्रोसेसिंग के बैंक खाते से केटी एण्ड कम्पनी, राजकोट (गुजरात) के खाते में विभिन्न तिथियों पर कुल 87 लाख रुपए आरटीजीएस एवं अन्य माध्यमों से जमा करवा लिए। इसमें 9 दिसंबर 2025 को 50 लाख रुपए, 13 दिसंबर को 7 लाख रुपए, 15 दिसंबर को 3 लाख रुपए, 17 दिसंबर को 7 लाख रुपए तथा 14 जनवरी 2026 को 20 लाख रुपए ट्रांसफर कराए गए। आरोपी लगातार यह कहते रहे कि लोन की प्रक्रिया चल रही है। इसी बीच 11 फरवरी 2026 को भादरा मोड़ के पास ट्रक से कार की टक्कर में परिवादी के पिता सत्यपाल व्यास की मृत्यु हो गई। परिवादी ने आरोप लगाया कि करीब चार दिन पहले उसने आरोपियों से दोबारा संपर्क किया तो उन्होंने साफ कह दिया कि वे बिजनेस लोन नहीं करवा सकते। जब उसने अपने पिता की ओर से जमा कराए गए 87 लाख रुपए ब्याज सहित वापस मांगे तो आरोपियों ने रकम लौटाने से इनकार कर दिया। आरोपियों ने परिवादी से उसका पैन कार्ड एवं अन्य दस्तावेज भी मांगे। दस्तावेज देने से इनकार करने पर कथित रूप से कहा कि उनका उद्देश्य उसके पिता के साथ ऑनलाइन धोखाधड़ी करना था और वे ऐसा कर चुके हैं। आरोपी आज भी उससे फोन पर बातचीत कर रहे हैं। पुलिस अधीक्षक कार्यालय से प्राप्त आदेश के आधार पर नोहर थाना पुलिस ने मामले की जांच करते हुए प्रथम दृष्टया भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत अपराध बनना पाए जाने पर एफआईआर दर्ज कर ली है। मामले का अनुसंधान उप निरीक्षक राजेन्द्र कुमार को सौंपा गया है।
