हनुमानगढ़, कृषि विभाग की ओर से ‘फ्रेमवर्क फॉर फर्टिलाइजर सेल (FFS)’ विषय पर कार्यशाला आयोजित कर आत्मा हॉल हनुमानगढ़ एवं कृषि विज्ञान केंद्र, संगरिया में उर्वरक विक्रेताओं को एफएफएस मोबाइल ऐप का प्रशिक्षण दिया गया। नई व्यवस्था के तहत किसानों को अनुदानित डीएपी एवं यूरिया का वितरण अब इसी मोबाइल ऐप के माध्यम से किया जाएगा, जिससे उर्वरक उपलब्धता और बुकिंग प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी। संयुक्त निदेशक कृषि (विस्तार) यशवंती ने बताया कि एफएफएस ऐप के माध्यम से किसानों को यूरिया एवं डीएपी के स्टॉक की वास्तविक स्थिति की जानकारी घर बैठे मिल सकेगी।

वहीं सहायक निदेशक डॉ. संजीव भादू ने कहा कि किसान मोबाइल ऐप से उर्वरक की अग्रिम बुकिंग कर अपनी पसंद की नजदीकी दुकान से खाद प्राप्त कर सकेंगे। इससे लंबी कतारों और अनावश्यक परेशानी से राहत मिलेगी। कार्यशाला में कृषि विभाग के अधिकारियों ने पीपीटी के माध्यम से उर्वरक विक्रेताओं को उर्वरक बिक्री से जुड़े नियम, उनकी जिम्मेदारियां तथा निर्धारित बिक्री प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी। इस अवसर पर उप निदेशक कृषि एवं पीडी आत्मा सुभाष डुड्डी, कृषि अधिकारी सरोज, प्रियंका, कुलवंत, राजवंती तथा कृषि अनुसंधान अधिकारी श्री राजेंद्र बेनीवाल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
