हनुमानगढ़। ग्राम पंचायत भूनावाली ढाणी के ग्रामीणों ने गांव मेहरवाला की नालियों से बहकर मुंडा माइनर में डाले जा रहे गंदे पानी की समस्या को लेकर गुरुवार को सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता और कनिष्ठ अभियंता से मुलाकात की। ग्रामीणों ने अधिकारियों को समस्या से अवगत करवाते हुए जल्द समाधान की मांग की, ताकि पंचायत क्षेत्र में लोगों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो सके। ग्राम पंचायत भूनावाली ढाणी निवासी योगेश कुमार ने बताया कि मेहरवाला गांव से नालियों के जरिए गंदा पानी सीधे मुंडा माइनर में डाला जा रहा है। नहर के आसपास गोबर के ढेर भी लगे हुए हैं और बारिश व अन्य कारणों से यह गंदगी भी नहर में गिर रही है। माइनर में पहुंच रहा यही दूषित पानी आगे ग्राम पंचायत भूनावाली ढाणी के वाटर वर्क्स तक पहुंच रहा है।

वहां से पानी की सप्लाई घरों में की जा रही है। ऐसे में ग्रामीणों को दूषित पानी पीने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। योगेश कुमार ने बताया कि दूषित पानी के सेवन के कारण ग्रामीणों के स्वास्थ्य पर विपरीत असर पड़ रहा है और लोग बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि मेहरवाला के वार्ड नंबर तीन में बनी नालियों का पानी सीधे माइनर में छोड़ा जा रहा है। ग्रामीणों के अनुसार नालियों के पानी को किसी अन्य स्थान पर एकत्रित करने या उसके निस्तारण की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण गंदा पानी नहर में पहुंच रहा है। इससे एक तरफ सिंचाई व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका है, वहीं दूसरी ओर पेयजल स्रोत दूषित हो रहा है।

ग्रामीणों ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों से मांग की कि गंदे पानी की नहर में निकासी तत्काल बंद करवाने के साथ पेयजल को दूषित होने से बचाने के लिए स्थायी समाधान किया जाए। इस पर सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि मामले की रिपोर्ट तैयार कर उपखंड अधिकारी को भेजी जाएगी। इसके बाद उपखंड अधिकारी की ओर से पंचायत समिति को निर्देशित कर संबंधित लोगों को पाबंद करने की कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर जयदेव मूंड, सुभाष, रणवीर, राहुल, दीपचंद, धर्मपाल, प्रवीण, राजेश, मदनलाल, प्रभुराम, मुकेश, भूप सिंह, ख्यालीराम, सोनू सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
