हनुमानगढ़। श्री खुशालदास विश्वविद्यालय के मेंटल वेलनेस एवं योग क्लब के तत्वावधान में योगा एवं साइकोलॉजी विभाग के स्टाफ और विद्यार्थियों ने बुधवार को कालीबंगा के ऐतिहासिक एवं पुरातात्विक स्थल का शैक्षणिक भ्रमण किया। इस दौरान विद्यार्थियों ने सिंधु घाटी सभ्यता के इतिहास, पुरातात्विक अवशेषों और तत्कालीन जीवनशैली से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं को प्रत्यक्ष रूप से जाना। श्री गुरु गोबिंद सिंह चेरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष बाबूलाल जुनेजा ने कहा कि विद्यार्थियों का ज्ञान केवल किताबों तक सीमित नहीं रहना चाहिए। ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों का प्रत्यक्ष अनुभव विद्यार्थियों को अपनी समृद्ध विरासत और संस्कृति से जोड़ता है तथा उनके ज्ञान में विस्तार करता है। विश्वविद्यालय के चेयरपर्सन वरुण यादव ने कहा कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए विश्वविद्यालय शैक्षणिक गतिविधियों के साथ व्यावहारिक एवं अनुभवात्मक शिक्षा को भी बढ़ावा दे रहा है। ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण विद्यार्थियों में जिज्ञासा, शोध की भावना और अपने इतिहास के प्रति जागरूकता विकसित करता है। डॉ. प्रियंका जोशी, पाल्मी घोष एवं अतुल के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने कालीबंगा के प्राचीन इतिहास और पुरातात्विक महत्व की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने प्राचीन सभ्यता से संबंधित पुरातात्विक सामग्री, नगर नियोजन, आवासीय संरचनाओं तथा तत्कालीन जीवनशैली से जुड़े अवशेषों का अवलोकन किया। भ्रमण का उद्देश्य कक्षा में प्राप्त सैद्धांतिक ज्ञान को ऐतिहासिक एवं पुरातात्विक स्थलों के प्रत्यक्ष अनुभव से जोड़ना रहा। विद्यार्थियों ने कालीबंगा भ्रमण को अपने शैक्षणिक ज्ञान के लिए उपयोगी बताया। इस दौरान क्लब के सदस्यों एवं विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता रही।
