– महिलाओं ने सिर पर कलश धारण कर किया मंगलगान, पुष्पवर्षा से हुआ स्वागत, जाट भवन में सात दिवसीय श्रीमद्भागवत ज्ञान यज्ञ का शुभारंभ
हनुमानगढ़। हनुमानगढ़ जंक्शन सोमवार को भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास से सराबोर हो उठा। सात दिवसीय श्रीमद्भागवत ज्ञान यज्ञ के शुभारंभ अवसर पर निकाली गई कलश एवं शोभायात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पूरे मार्ग पर श्रद्धालु भगवान श्रीकृष्ण के जयकारे लगाते हुए भजन-कीर्तन करते चले, जिससे वातावरण भक्तिमय हो गया। शोभायात्रा का शुभारंभ प्रातः 8:15 बजे नव दुर्गा मंदिर, नई धानमंडी से हुआ। पारंपरिक वेशभूषा में सजी महिलाओं ने सिर पर कलश धारण कर मंगलगीत गाते हुए यात्रा की अगुवाई की। शोभायात्रा विभिन्न मार्गों से होती हुई जाट भवन, हनुमानगढ़ जंक्शन पहुंची, जहां विधि-विधान एवं वैदिक मंत्रोच्चार के साथ श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हुआ। यात्रा के दौरान आकर्षक धार्मिक झांकियां, भगवान श्रीकृष्ण-राधा के स्वरूप, भजन मंडलियों की संगीतमय प्रस्तुतियां तथा श्रद्धालुओं का उत्साह लोगों के आकर्षण का केंद्र रहा। जगह-जगह श्रद्धालुओं और सामाजिक संगठनों ने शोभायात्रा का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया तथा श्रद्धालुओं के लिए जलपान की व्यवस्था भी की गई। इस सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का वाचन आचार्य धनंजय गिरि शास्त्री द्वारा किया जाएगा। कथा प्रतिदिन दोपहर 3 बजे से शाम 7 बजे तक जाट भवन में आयोजित होगी, जिसमें भगवान श्रीकृष्ण की दिव्य लीलाओं, धर्म, भक्ति और मानव जीवन के आदर्शों का रसपूर्ण वर्णन किया जाएगा। आयोजकों ने बताया कि कथा के दौरान प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। उन्होंने सभी धर्मप्रेमियों से कथा श्रवण कर आध्यात्मिक लाभ लेने का आह्वान किया। पूरे आयोजन को सफल बनाने के लिए स्वयंसेवकों और कथा प्रेमियों ने व्यवस्थाओं में सक्रिय सहयोग दिया।
