हनुमानगढ़। जिले में घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडरों की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य रूप से जारी है और उपभोक्ताओं को गैस की किसी प्रकार की कमी का सामना नहीं करना पड़ रहा है। जिला रसद अधिकारी सुनील घोड़ेला ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि जिले की सभी गैस एजेंसियों के माध्यम से घरेलू गैस सिलेंडरों की नियमित रूप से सप्लाई की जा रही है। ऐसे में उपभोक्ताओं को घबराने या अतिरिक्त सिलेंडर जमा करने की आवश्यकता नहीं है। जिला रसद अधिकारी ने बताया कि विभाग की ओर से जिले में गैस वितरण व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, ताकि उपभोक्ताओं को समय पर गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जा सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि गैस एजेंसियों के पास पर्याप्त मात्रा में एलपीजी गैस का स्टॉक उपलब्ध है और सप्लाई चेन पूरी तरह सुचारु रूप से संचालित हो रही है। इसलिए गैस की कमी को लेकर फैल रही किसी भी प्रकार की अफवाहों या भ्रामक सूचनाओं पर विश्वास न किया जाए। उन्होंने उपभोक्ताओं से आग्रह किया कि वे अपनी आवश्यकता के अनुसार निर्धारित समयावधि के भीतर ही गैस सिलेंडर की बुकिंग करवाएं। सामान्य रूप से एक उपभोक्ता 25 दिन की अवधि के बाद ही अगले सिलेंडर की बुकिंग करा सकता है, इसलिए निर्धारित नियमों का पालन करते हुए ही सिलेंडर की बुकिंग कराई जाए। इससे सभी उपभोक्ताओं तक गैस की आपूर्ति व्यवस्थित ढंग से हो सकेगी और किसी को भी अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। जिला रसद अधिकारी ने यह भी बताया कि गैस की कालाबाजारी पर प्रभावी रोक लगाने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। इसके लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं, जो समय-समय पर गैस एजेंसियों और वितरण व्यवस्था का निरीक्षण करेंगी। पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीमें भी बाजार में निगरानी रखेंगी, ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता या अवैध गतिविधि सामने आने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि कोई व्यक्ति गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी करता पाया गया या उपभोक्ताओं को निर्धारित दर से अधिक कीमत पर सिलेंडर बेचता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जिले के सभी उपभोक्ताओं को समय पर और उचित मूल्य पर एलपीजी गैस सिलेंडर उपलब्ध हो सके। अंत में जिला रसद अधिकारी ने आमजन से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि या गैस वितरण में अनियमितता की सूचना तुरंत प्रशासन या संबंधित विभाग को दें, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके। इससे गैस वितरण व्यवस्था को पारदर्शी और सुचारु बनाए रखने में मदद मिलेगी।
