चारणवासी। फेफाना–रतनपुरा हेड के बीच खिनानियां वितरिका के 14 आउटलेट (मोघों) पर लॉक सिस्टम लगाने की प्रस्तावित योजना का क्षेत्र के किसानों ने कड़ा विरोध किया है। सोमवार को किसानों के एक शिष्टमंडल ने कार्यवाहक एसडीएम निधी उडसरिया, एसई संजीव कुमार वर्मा और एक्सईएन राजेन्द्र सिंह से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। किसानों ने बताया कि उन्हें मीडिया के माध्यम से जानकारी मिली है कि विभाग फेफाना से रतनपुरा हेड तक लगभग 14 मोघों को लॉक करने की तैयारी कर रहा है। उनका कहना है कि यदि मोघों को बंद किया गया तो सिंचाई व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो जाएगी और पानी के अभाव में खेत बंजर होने की स्थिति में पहुंच जाएंगे। किसानों ने आरोप लगाया कि उनके हिस्से का पानी हरियाणा क्षेत्र में उपयोग किया जा रहा है, जिससे उन्हें नुकसान उठाना पड़ रहा है। उन्होंने मांग की कि हरियाणा से मिलने वाले 332 क्यूसेक पानी की पूरी आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। ज्ञापन में किसानों ने चेतावनी दी कि फेफाना, रतनपुरा, चारणवासी, चक 9 केएम और चक 10-12 क्षेत्रों के मोघों पर पर्याप्त पानी उपलब्ध कराए बिना लॉक सिस्टम लागू किया गया तो वे आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। इस दौरान भूतपूर्व प्रधान उर्मिला बिजारणियां सहित सुभाष भांभु, सुल्तान स्वामी, श्रवण न्योल, संदीप सहू, संतलाल कुहाड़, कमल कालेरा, भरत सोलड़ा, बलराम मेहरा, भागाराम जाखड़, मोहनलाल भांभु और देवीराम सहित कई किसान मौजूद रहे। उल्लेखनीय है कि एनएचआर-खिनानियां माइनर के टेल क्षेत्र के प्रतिनिधियों ने चीफ प्रदीप रूस्तगी को अवगत कराया था कि फेफाना–रतनपुरा हेड के बीच 14 मोघों में महीने में लगभग 21 दिन ही पानी का प्रवाह होता है, जिसके चलते लॉक सिस्टम लागू करने का प्रस्ताव सामने आया। इसके बाद चीफ ने विभागीय अधिकारियों को प्रस्ताव तैयार कर भेजने के निर्देश दिए हैं।
संवाददाता-जयलाल वर्मा
