हनुमानगढ़। राजस्थान सरकार ने उच्च शिक्षा प्राप्त युवाओं को उद्योगों की जरूरतों के अनुसार तैयार करने के लिए फिनिशिंग स्कूल प्रोग्राम की रूपरेखा जारी की है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत शुरू की गई इस पहल का मुख्य उद्देश्य स्नातक और स्नातकोत्तर के अंतिम वर्ष के छात्र-छात्राओं को व्यावसायिक प्रशिक्षण प्रदान करना है। इसी संदर्भ में राजकीय नेहरू मेमोरियल महाविद्यालय में शनिवार को महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया, जिसकी अध्यक्षता महाविद्यालय प्राचार्य प्रो. रामपाल अहरोदिया ने की। प्रो. अहरोदिया ने बताया कि कार्यक्रम के तहत राजकीय महाविद्यालयों में 70 प्रतिशत कोर सेक्टर स्किल, 20 प्रतिशत डिजिटल और 10 प्रतिशत सॉफ्ट स्किल्स पर आधारित प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसी क्रम में महाविद्यालय में योगा वेलनेस ट्रेनर सर्टिफिकेट कोर्स शीघ्र ही शुरू किया जाएगा, जिसमें 450 घंटे का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इस पाठ्यक्रम में छात्र-छात्राओं के लिए सीमित 90 सीटें निर्धारित की गई हैं। नोडल अधिकारी डॉ. अर्चना गोदारा ने बताया कि राजस्थान के लगभग 46 महाविद्यालयों में छात्र-छात्राओं के हितों को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार की ओर से आईटी और बीएफएसआई के सर्टिफिकेट कोर्स शुरू किए गए हैं। महाविद्यालय में शुरू होने वाले योगा वेलनेस ट्रेनर से संबंधित सर्टिफिकेट कोर्स में भाग लेने के इच्छुक छात्र-छात्राएं निर्धारित प्रारूप में आवेदन पत्र महाविद्यालय में जमा करवाकर आवेदन कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए चयनित छात्र-छात्राओं के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति और आउटकम आधारित भुगतान प्रणाली लागू की गई है। सफल प्रशिक्षण के बाद संबंधित उद्योग की ओर से छात्र-छात्राओं को सर्टिफिकेट प्रदान किए जाएंगे तथा प्लेसमेंट के माध्यम से रोजगार के अवसर भी उपलब्ध कराए जाएंगे।
