गोरखपुर: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को गोरखपुर में आयोजित कार्यक्रम में शिक्षामित्रों को सम्मानित करते हुए बढ़े हुए मानदेय के चेक वितरित किए। इस दौरान उन्होंने सांसद रवि किशन पर हल्के-फुल्के अंदाज में चुटकी लेते हुए माहौल को हास्यपूर्ण बना दिया। सीएम योगी ने कहा कि गोरखपुर के महेसरा इलाके में पहले अक्सर जाम लगता था, जिसकी वजह वहां लगने वाली मछली मंडी थी। इसी संदर्भ में उन्होंने बिना नाम लिए रवि किशन के उस बयान पर तंज कसा, जिसमें बंगाल जीत के बाद मछली खाने की बात कही गई थी। कार्यक्रम के दौरान रवि किशन ने पीछे से खुद को “पंडित” बताते हुए मछली न खाने की बात कही, लेकिन सीएम योगी ने मजाकिया अंदाज में कहा कि उनके घर पर भीड़ लगी रहती थी, जिससे उन्हें लगा कि वहीं कुछ खास बन रहा है। इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने रवि किशन को मिली पीएचडी की मानद उपाधि को लेकर भी चुटकी ली। उन्होंने कहा कि मानद उपाधि मिलने पर बधाई तो दी जा सकती है, लेकिन इससे न तो “प्रोफेसर” लिखा जा सकता है और न ही इसके आधार पर कोई नौकरी मिलती है। उन्होंने हल्के अंदाज में यह भी कहा कि ऐसी डिग्री को सिर्फ टांगा जा सकता है। उनके इस बयान पर कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने ठहाके लगाए। कार्यक्रम के अंत में सीएम योगी ने रवि किशन को मानद उपाधि के लिए औपचारिक बधाई भी दी, जिस पर रवि किशन ने खड़े होकर हाथ जोड़कर अभिवादन किया। गौरतलब है कि प्रदेश सरकार ने बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों में कार्यरत लगभग 1.43 लाख शिक्षामित्रों का मानदेय 10 हजार रुपये से बढ़ाकर 18 हजार रुपये प्रतिमाह कर दिया है। यह बढ़ा हुआ मानदेय अप्रैल माह से लागू कर दिया गया है।
