हनुमानगढ़। जंक्शन निवासी एक महिला की शिकायत पर संयुक्त पारिवारिक संपत्ति की दुकान पर कथित रूप से अवैध स्वामित्व लाभ प्राप्त करने के लिए कूटरचित दस्तावेज, झूठे हलफनामे और भ्रामक वंशावली प्रस्तुत करने के मामले में टाउन थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले में पूर्व पार्षद सहित कइयों को नामजद किया गया है। पुलिस के अनुसार वार्ड संख्या 18, जय गिफ्ट हाउस के पास, मानाराम की चक्की वाली गली, जंक्शन निवासी 49 वर्षीय रीटा रानी उर्फ रेखा पत्नी स्वर्णपाल सोनी ने थाने में रिपोर्ट दी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि उसके दादा ससुर हरिचंद की ओर से अर्जित संपत्तियां लंबे समय से संयुक्त पारिवारिक संपत्ति के रूप में उपयोग में रही हैं और उनका आज तक वैध बंटवारा नहीं हुआ है। परिवाद में कहा गया है कि चाचा ससुर महेन्द्रपाल सोनी ने संयुक्त पारिवारिक संपत्ति की एक दुकान पर कब्जा करने के उद्देश्य से वर्षांे से प्रयास किए हैं। शिकायत के अनुसार वर्ष 2007 में तैयार किए गए कथित कूटरचित वारिसनामे को लेकर एफआईआर संख्या 87/2008 दर्ज हुई थी, जिसमें महेन्द्रपाल सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ चालान भी पेश किया गया था और मामला अभी न्यायालय में विचाराधीन है। महिला ने आरोप लगाया कि इसके बावजूद महेन्द्रपाल ने वर्ष 2021 में एक कथित रूप से अवैध सदस्य प्रमाण पत्र तैयार करवाया, जिसमें परिवार के कई वैध वारिसों और शाखाओं का उल्लेख जानबूझकर नहीं किया गया। बाद में इसी प्रमाण पत्र का उपयोग सब-रजिस्ट्रार कार्यालय में हक त्याग की कार्यवाही तथा नगर परिषद में नामांतरण के लिए किया गया। शिकायत के अनुसार नामांतरण और हक त्याग की विभिन्न कार्यवाहियों में कई मृत व्यक्तियों की मृत्यु का उल्लेख नहीं किया गया तथा उनके वैध उत्तराधिकारियों को वंशावली से बाहर रखा गया। आरोप है कि चयनात्मक और भ्रामक जानकारी देकर नगर परिषद तथा सब-रजिस्ट्रार जैसे लोक प्राधिकारियों को गुमराह करने का प्रयास किया गया ताकि संबंधित दुकान पर स्वामित्व लाभ प्राप्त किया जा सके। रिपोर्ट में पूर्व पार्षद सुरेन्द्र गोंद पर भी बिना अधिकारिता के अपने लेटरहेड पर सदस्य प्रमाण पत्र जारी करने का आरोप लगाया गया है। साथ ही कई अन्य व्यक्तियों पर कथित षड्यंत्र में सहयोग करने, गवाह बनने तथा दस्तावेजी कार्यवाही में भाग लेने के आरोप लगाए गए हैं। महिला का कहना है कि सूचना के अधिकार के तहत नगर परिषद और सब-रजिस्ट्रार कार्यालय से प्राप्त दस्तावेजों की जांच के बाद उसे कथित अनियमितताओं की जानकारी हुई। इसके बाद उसने संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई की मांग करते हुए शिकायत प्रस्तुत की। टाउन थाना पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर महेन्द्रपाल सोनी पुत्र हरिचन्द, ललिता देवी पुत्री दर्शनलाल, रतनलाल पुत्र चन्द्रपाल, ओमप्रकाश, राजकुमार, संदीप, रमण सोनी, अनिल सोनी, ओमप्रकाश अरोड़ा, सुरेन्द्र गोंद के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। प्रकरण की जांच सहायक उपनिरीक्षक विनोद कुमार को सौंपी गई है।
