रावतसर। लोकदेवता बाबा रामदेव व खेतरपाल मेले में बच्चों की सुरक्षा और बालश्रम भिक्षावृत्ति रोकथाम को लेकर सीडब्ल्यूसी मजिस्ट्रेट जितेंद्र गोयल ने सख्त कदम उठाए हैं। उन्होंने मेले का निरीक्षण कर बड़े झूले संचालकों और मैनेजर्स को छोटे बच्चों से बालश्रम नहीं करवाने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
गोयल ने मेले में दुकानदारों, होटल संचालकों और प्रसाद विक्रेताओं को भी बच्चों से बालश्रम नहीं करवाने की समझाइश दी। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे बच्चों को नगद में भिक्षा न दें, क्योंकि इससे उनके जीवन पर बुरा प्रभाव पड़ता है।

गोयल ने बताया कि परिवार के स्वार्थ और नशे की पूर्ति के लिए बच्चों से बाल भिक्षा करवाई जाती है, जो वंचित वर्ग के बच्चों की शिक्षा में बाधा बनती है। अगर लोग जागरूक हो जाएं और नगद में भिक्षा न दें, तो 70% बाल भिक्षावृत्ति पर अंकुश लगाया जा सकता है और हजारों बच्चों का बचपन बचाया जा सकता है। निरीक्षण के दौरान रावतसर पुलिस थाना के सहायक उपनिरीक्षक शैताना राम, रविन्द्र मीणा, पुलिस जाब्ता, अक्षय कुमार और विश्वास गोयल मौजूद रहे।

