चारणवासी/फेफाना। उप तहसील फेफाना की अनाज मंडी में सीजन की पहली खरीद शुरू होते ही प्रशासनिक व्यवस्थाओं की खामियां उजागर हो गईं। खरीद केंद्र पर पहुंचे अधिकारियों ने गेहूं के दानों में ‘चमक’ फीकी होने का हवाला देकर सरकारी खरीद से इंकार कर दिया, जिससे किसानों में भारी रोष फैल गया। गुस्साए किसानों ने अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाते हुए तीखे सवाल उठाए। किसानों ने व्यंग्य करते हुए कहा कि क्या अब फसल बेचने से पहले उसे ‘ब्यूटी पार्लर’ में ले जाकर ब्लीच करवाना पड़ेगा। विरोध स्वरूप किसानों ने मंडी के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया और अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। किसानों का आरोप है कि प्रशासन की लापरवाही के चलते खरीद प्रक्रिया पहले ही 10 दिन देरी से शुरू हुई, और अब जब खरीद शुरू हुई है तो ऐसे नियम लागू किए जा रहे हैं जो व्यवहारिक नहीं हैं। प्रशासन द्वारा जारी निर्देश के अनुसार किसानों को फोन पर मैसेज आने के बाद ही गेहूं मंडी में लाने को कहा गया है, जिसे किसानों ने अव्यावहारिक बताते हुए अस्वीकार कर दिया। उनका कहना है कि इससे दोहरी मेहनत, समय और खर्च बढ़ेगा। मौके पर इस समय करीब 2 लाख गेहूं के कट्टे खुले आसमान के नीचे पड़े हैं, जिन्हें खरीदने से एजेंसियों ने हाथ खड़े कर दिए हैं। विवाद केवल गेहूं की ‘चमक’ तक सीमित नहीं है, बल्कि पैदावार के आंकड़ों को लेकर भी टकराव बना हुआ है। किसानों के अनुसार इस बार पैदावार 18 से 20 क्विंटल प्रति बीघा रही है, जबकि अधिकारी केवल 9 क्विंटल प्रति बीघा के हिसाब से ही खरीद करने पर अड़े हैं। किसानों का कहना है कि यदि सरकारी रिकॉर्ड में पैदावार कम दर्ज की जाएगी, तो शेष गेहूं का क्या होगा और उन्हें उसका उचित मूल्य कौन देगा। इस मुद्दे पर किसानों ने प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। धरने के चलते मंडी का कामकाज पूरी तरह ठप हो गया है। धरने में भीमसेन ज्याणी, ओमप्रकाश गोदारा, संदीप बिजारणियां, शीशपाल सहारण, रियासत अली, रायसिंह, रोहिताश, जयसिंह, हरिसिंह, सत्यप्रकाश, देवीलाल, प्रदीप, ताराचंद, अरविंद, भजनलाल, बलवंत डूडी, रामप्रताप भांभू, अमरसिंह खीचड़ सहित कई किसान शामिल हैं। किसानों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक उनकी सभी मांगें पूरी नहीं होतीं और पूरी फसल की खरीद सुनिश्चित नहीं की जाती, तब तक धरना जारी रहेगा। आसपास के गांवों से भी किसानों का समर्थन बढ़ता जा रहा है। मंडी गेट पर तालाबंदी के कारण अनाज की आवक पूरी तरह रुक गई है, जिससे आने वाले दिनों में स्थिति और गंभीर होने की आशंका है।
संवाददाता-जयलाल वर्मा
